ग्रेटर नोएडा में भव्य श्रीमद् भागवत कथा का आयोजन: आध्यात्मिक जागरण का एक नया अध्याय

रिपोर्ट : ओम प्रकाश चौहान
ग्रेटर नोएडा । दिव्य ज्योति जाग्रति संस्थान के तत्वावधान में 13 अप्रैल से 19 अप्रैल 2025 तक ग्रेटर नोएडा के ऐच्छर स्थित रामलीला मैदान में श्रीमद् भागवत कथा का भव्य आयोजन होने जा रहा है। इस पावन आयोजन से पूर्व 4 अप्रैल 2025 को कथा स्थल पर वैदिक अनुष्ठानों के साथ भूमि पूजन संपन्न हुआ। इस अनुष्ठान के माध्यम से कथा की तैयारियों का विधिवत शुभारंभ किया गया।
दिव्य ज्योति जाग्रति संस्थान, जिसे दिव्य गुरू आशुतोष महाराज जी के मार्गदर्शन में स्थापित किया गया है, एक अंतरराष्ट्रीय, गैर-लाभकारी आध्यात्मिक एवं सामाजिक संस्था है। यह संस्था अपनी 350 से अधिक शाखाओं के माध्यम से विश्वभर में आध्यात्मिक जागरूकता का संचार कर रही है। श्रीमद् भागवत कथा ज्ञान यज्ञ, श्री राम कथा, श्री कृष्ण कथा, गौ कथा, भगवान शिव कथा, हरि कथा इत्यादि के द्वारा संस्थान समाज में आध्यात्मिक मूल्यों के प्रति जागरूकता फैलाने का कार्य कर रहा है।
सामाजिक उत्थान में संस्थान की भूमिका
संस्थान केवल आध्यात्मिकता तक ही सीमित नहीं है, बल्कि यह विभिन्न सामाजिक प्रकल्पों के माध्यम से समाज की सेवा भी कर रहा है। इनमें प्रमुख हैं:
- सम्पूर्ण शिक्षा प्रकल्प: आर्थिक रूप से कमजोर बच्चों को शिक्षा उपलब्ध कराना।
- अंतर्दृष्टि कार्यक्रम: नेत्रहीनों व विकलांगों की सहायता।
- आरोग्य अभियान: सम्पूर्ण स्वास्थ्य कार्यक्रम।
- बोध अभियान: नशा उन्मूलन कार्यक्रम।
- कामधेनु प्रकल्प: गौ संरक्षण, संवर्धन एवं नस्ल सुधार कार्यक्रम।
- संरक्षण प्रकल्प: पर्यावरण संरक्षण कार्यक्रम।
- संतुलन कार्यक्रम: लिंग समानता के लिए जागरूकता अभियान।
- दिव्य ज्योति वेद मंदिर: वैदिक परंपराओं के संरक्षण और संवर्धन हेतु प्रयास।
सामुदायिक सहभागिता और धार्मिक समरसता
इस कथा के आयोजन में समाज के विभिन्न वर्गों का सहयोग देखने को मिला। कथा के मुख्य निवेदक सौरभ अग्रवाल एवं श्रीमती पारुल अग्रवाल सहित अनिल राणा, देवेन्द्र नागर, रवि जिंदल, चैनपाल, शेखर (प्रधान, ऐच्छर), आनंद भाटी (अध्यक्ष, रामलीला कमिटी), रवि भाटी एवं अनूप कंसाना जैसे गणमान्य व्यक्ति इस आयोजन से जुड़े हुए हैं।
आध्यात्मिक उन्नति का अवसर
श्रीमद् भागवत कथा केवल धार्मिक कथा-वाचन तक सीमित नहीं है, बल्कि यह आत्मिक उन्नति का एक अद्भुत माध्यम भी है। ऐसे आयोजनों से न केवल समाज में सद्भाव और आध्यात्मिकता का प्रसार होता है, बल्कि मानवीय मूल्यों को भी बल मिलता है।
इस भव्य आयोजन के माध्यम से ग्रेटर नोएडा में आध्यात्मिक चेतना का संचार होगा और समाज में नैतिकता, मानवता एवं संस्कारों की जड़ें और भी मजबूत होंगी।










