राज्यसभा सांसद के विवादित बयान पर उठी बर्खास्तगी की मांग

बिजनौर। राज्यसभा सांसद रामजी लाल सुमन द्वारा राणा सांगा के प्रति दिए गए कथित अपमानजनक बयान के बाद अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) ने उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग उठाई है। परिषद ने इस संबंध में राष्ट्रीय अध्यक्ष को ज्ञापन सौंपते हुए सांसद की सदस्यता समाप्त करने की अपील की है।
ABVP के जिला संयोजक भास्कर शर्मा द्वारा जारी इस ज्ञापन में कहा गया है कि राणा सांगा को “गद्दार” कहकर संबोधित करना न केवल ऐतिहासिक तथ्यों को तोड़-मरोड़ कर पेश करने का प्रयास है, बल्कि यह राष्ट्रीय नायकों और देश की अस्मिता का भी अपमान है।
ज्ञापन में कहा गया है कि राज्यसभा देश की सर्वोच्च विधायी संस्था है, जहां ऐसे राष्ट्रविरोधी और विभाजनकारी बयान अस्वीकार्य हैं। राणा सांगा भारतीय इतिहास में वीरता और स्वाभिमान के प्रतीक माने जाते हैं, और उनके खिलाफ की गई इस टिप्पणी से राष्ट्रवादी भावनाएं आहत हुई हैं।
ABVP ने चेतावनी दी है कि यदि सांसद के खिलाफ उचित कार्रवाई नहीं की गई, तो वे बड़े स्तर पर आंदोलन करने को बाध्य होंगे। ज्ञापन में आगे कहा गया कि संसद के भीतर इस तरह की नई प्रवृत्तियों पर रोक नहीं लगाई गई, तो यह लोकतंत्र और सामाजिक सौहार्द के लिए घातक सिद्ध होगा।
इस विवाद के बाद राजनीतिक हलकों में हलचल बढ़ गई है। समाजवादी पार्टी के नेताओं ने अभी तक इस मुद्दे पर कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया है, लेकिन भाजपा और अन्य राष्ट्रवादी संगठनों से जुड़े नेताओं ने इस बयान की कड़ी निंदा की है।
अब यह देखना दिलचस्प होगा कि संसद और राजनीतिक दल इस मुद्दे पर क्या रुख अपनाते हैं और क्या रामजी लाल सुमन के खिलाफ कोई ठोस कार्रवाई होती है या नहीं।











