बिजनौर: सड़क सुरक्षा को लेकर DM ने दिए सख्त निर्देश
BIJNOR. जिलाधिकारी अंकित कुमार अग्रवाल ने मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में आयोजित राज्य सड़क सुरक्षा परिषद की बैठक के निर्देशों का अनुपालन करते हुए सभी संबंधित विभागों को सड़क दुर्घटनाओं में होने वाली मृत्यु दर में 50 प्रतिशत की कमी लाने के लिए ठोस कार्ययोजना बनाने का निर्देश दिया है।
जिलाधिकारी ने पुलिस और परिवहन विभाग को निर्देशित किया कि यातायात नियमों के प्रति जनजागरूकता बढ़ाने के लिए स्कूली बच्चों की रैलियां आयोजित की जाएं। वरिष्ठ नागरिकों और वाहन चालकों के लिए गोष्ठियां आयोजित कर उन्हें यातायात नियमों की जानकारी दी जाए। प्रमुख चौराहों और सार्वजनिक स्थानों पर पंपलेट, बैनर और फ्लेक्सी बोर्ड लगाकर जागरूकता अभियान चलाने को कहा गया।
शिक्षा विभाग को स्कूलों और कॉलेजों में छात्रों को यातायात नियमों की जानकारी देने के लिए समय-समय पर कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए गए। एनसीसी कैडेट्स को यातायात अधिकारियों के साथ चौराहों पर तैनात कर जनता को नियमों के प्रति जागरूक करने का सुझाव दिया गया।
मुख्य विकास अधिकारी को निर्देश दिया गया कि ग्रामीण क्षेत्रों में यातायात नियमों को बढ़ावा देने के लिए हर गांव के प्रवेश और निकास द्वार पर साइनेज बोर्ड लगाए जाएं।
परिवहन और मनोरंजन विभाग को रोडवेज बस स्टैंड, मॉल और प्रमुख स्थानों पर नुक्कड़ नाटक और सभाएं आयोजित करने को कहा गया। साथ ही, सिनेमा हॉल और मॉल में वीडियो क्लिप के माध्यम से यातायात नियमों का प्रचार-प्रसार करने का निर्देश दिया गया।
लोक निर्माण विभाग (लोनिवि) को सड़कों पर डिवाइडर निर्माण और चौड़ीकरण का कार्य प्राथमिकता से करने के लिए कहा गया। ग्रामीण सड़कों पर स्पीड ब्रेकर, रंबल स्ट्रिप और यातायात संकेतक बोर्ड लगाने के निर्देश दिए गए।
एनएचएआई को विशेष निर्देश दिए गए कि हरिद्वार-काशीपुर मार्ग (राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या-74) पर अवैध कटों को बंद किया जाए। इसके अलावा, खनन विभाग, परिवहन विभाग, पुलिस विभाग और नगर पालिकाओं को भी जरूरी कदम उठाने के निर्देश दिए गए।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए जनपद में सड़क सुरक्षा की स्थिति को बेहतर बनाने का प्रयास करें।












