बिजनौर: ‘बीमारी ठीक करने’ का झांसा देकर महिलाओं को लूटने वाला शातिर गैंग बेनकाब, 12-13 लाख के जेवर ठगने वाला मुख्य आरोपी गिरफ्तार
अवनीश त्यागी | TargetTvLive बिजनौर : 24 अक्टूबर 2026
उत्तर प्रदेश के जनपद बिजनौर में पुलिस ने एक ऐसे शातिर ठग गिरोह का पर्दाफाश किया है जो भोले-भाले लोगों, खासतौर पर बुजुर्ग महिलाओं को अपना निशाना बनाता था। सरकारी अस्पतालों के बाहर बीमारी ठीक करने और झाड़-फूंक का झांसा देकर सोने के कुंडल उड़ाने वाले इस गैंग के मुख्य आरोपी को पुलिस ने धर दबोचा है। आइए जानते हैं इस शातिर गैंग के काले कारनामों की पूरी कहानी, जो बेहद चौंकाने वाली है।
## कैसे देते थे वारदात को अंजाम?
यह पूरा मामला 7 अक्टूबर 2026 का है। शेरकोट थाना क्षेत्र की रहने वाली श्माती कमलेश रुहेला जब स्थानीय सरकारी अस्पताल से दवा लेकर बाहर निकल रही थीं, तब शातिर ठगों ने उन्हें बीमारी ठीक करने का झांसा दिया। मीठी-मीठी बातों में उलझाकर ठगों ने उनके कानों के सोने के कुंडल उतरवा लिए और रफूचक्कर हो गए। पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने तुरंत मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की। सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी साक्ष्यों की मदद से पुलिस ने अमरोहा और बिजनौर के इन शातिर बदमाशों के चेहरों से नकाब उतार दिया।
## 2-3 साल से चल रहा था ठगी का खेल, सुनार को बेचे लाखों के जेवर
पुलिस पूछताछ में गिरफ्तार अभियुक्त जीशान उर्फ कालिया ने कई बड़े राज खोले हैं। उसने बताया कि वह अपने साथियों असलम और मुजम्मिल उर्फ जैक्शन के साथ मिलकर पिछले 2-3 वर्षों से इस तरह की वारदातों को अंजाम दे रहा था।
- ठगी का तरीका: ये शातिर लोग बुजुर्ग महिलाओं को बीमारी ठीक करने का झांसा देकर उनके जेवर उतरवा लेते थे।
- सुनार के जरिए ठिकाने लगते थे जेवर: ठगे गए इन आभूषणों को आरोपी पुलकित के माध्यम से अमरोहा के एक सुनार हिरदेश गोयल को बेच देते थे।
- 12-13 लाख की ठगी का खुलासा: पूछताछ में सामने आया है कि आरोपी पिछले कुछ सालों में करीब 12 से 13 लाख रुपये के आभूषण उस सुनार को बेच चुके हैं।
- नजीबाबाद में भी की थी ठगी: जीशान ने कबूल किया कि उसने 13 मई 2026 को नजीबाबाद में भी एक महिला को गैस एजेंसी की किताब बनवाने का झांसा देकर उसके कुंडल ठगे थे।
## पुलिस की सख्त कार्रवाई और बरामदगी
- गिरफ्तारी का शिकंजा: पुलिस ने ताबड़तोड़ कार्रवाई करते हुए 16 अक्टूबर 2026 को ही दो आरोपियों (हिरदेश और पुलकित) को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। वहीं, 24 अक्टूबर को मुखबिर की सटीक सूचना पर मुख्य अभियुक्त जीशान उर्फ कालिया को भी दबोच लिया गया।
- बरामदगी: पुलिस ने गिरफ्तार आरोपी के पास से पीली धातु के 2 कुंडल बरामद किए हैं।
- लंबा आपराधिक इतिहास: आरोपी जीशान के खिलाफ बिजनौर के शेरकोट और नजीबाबाद थानों में संगीन मुकदमे दर्ज हैं।
पुलिस टीम की सराहना: इस शातिर गैंग का पर्दाफाश करने वाली शेरकोट थाने की पुलिस टीम (उपनिरीक्षक मोहित चौधरी, हेड कांस्टेबल संदीप कुमार और हेड कांस्टेबल यशवीर राठी) की मुस्तैदी से क्षेत्र में सक्रिय ठगों का यह नेटवर्क ध्वस्त हुआ है। पुलिस बाकी फरार आरोपियों की तलाश में जुटी है।
यह विशेष और विश्लेषणात्मक रिपोर्ट TargetTvLive के लिए अवनीश त्यागी द्वारा प्रस्तुत की गई है।












