बिजनौर की बेटी बनी प्रेरणा: विदुर स्टोर संचालिका लक्ष्मी चौहान को मिला “टॉप मंथ ऑफ़ सेल्स अवार्ड”
ग्रामीण अर्थव्यवस्था और नारी सशक्तिकरण की मिसाल बनीं लक्ष्मी
हाइलाइट्स
-
बिजनौर विकास भवन में विदुर प्रेरणा समिति (VPS) की अहम बैठक।
-
लक्ष्मी चौहान को उत्कृष्ट बिक्री प्रदर्शन पर “टॉप मंथ ऑफ़ सेल्स अवार्ड”।
-
मुख्य विकास अधिकारी बोले – “विदुर ब्रांड ग्रामीण महिलाओं की नई पहचान है।”
-
ग्रामीण महिलाओं के लिए आत्मनिर्भरता और स्वरोज़गार का प्रेरणादायी मॉडल।
बैठक का परिदृश्य
बिजनौर के विकास भवन में सोमवार को एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित हुई, जिसकी अध्यक्षता मुख्य विकास अधिकारी (CDO) ने की। इस बैठक में विदुर ब्रांड के अंतर्गत संचालित स्टोर्स की प्रगति और बिक्री के आँकड़े रखे गए। समिति ने विस्तार से समीक्षा करते हुए यह देखा कि ग्रामीण स्तर पर महिलाओं द्वारा संचालित स्टोर्स किस तरह गाँव की अर्थव्यवस्था और महिला उद्यमिता को मजबूती दे रहे हैं।
लक्ष्मी चौहान का सम्मान
बैठक का सबसे गौरवपूर्ण पल तब आया, जब विदुर स्टोर की संचालिका सुश्री लक्ष्मी चौहान को उत्कृष्ट बिक्री प्रदर्शन के लिए “टॉप मंथ ऑफ़ सेल्स अवार्ड” से नवाज़ा गया।
CDO महोदय ने कहा:
“विदुर ब्रांड ग्रामीण महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में मील का पत्थर साबित हो रहा है। सुश्री लक्ष्मी चौहान जैसे सदस्य अपने परिश्रम और लगन से न केवल ब्रांड को नई पहचान दिला रहे हैं, बल्कि वे सैकड़ों महिलाओं के लिए प्रेरणा स्रोत भी बन रहे हैं।”
क्यों खास है विदुर ब्रांड?
- ग्रामीण महिलाओं को स्वरोज़गार का सीधा अवसर।
- स्थानीय उत्पादों को बाज़ार तक पहुँचाने की सुविधा।
- गाँव की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने का अनूठा प्रयास।
- महिला संचालिकाओं के लिए उद्यमिता और नेतृत्व का प्लेटफ़ॉर्म।
लक्ष्मी चौहान की कहानी – मेहनत से बनी पहचान
लक्ष्मी चौहान का नाम आज बिजनौर ही नहीं बल्कि पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय है। उनका स्टोर लगातार ग्राहकों का भरोसा जीत रहा है और बिक्री में नए रिकॉर्ड बना रहा है। वे न सिर्फ़ एक सफल स्टोर मैनेजर हैं, बल्कि आसपास की महिलाओं को भी आत्मनिर्भरता की राह दिखा रही हैं।
उनकी उपलब्धि यह साबित करती है कि अगर अवसर और प्लेटफ़ॉर्म सही हों तो ग्रामीण महिलाएँ भी बड़ी उपलब्धियाँ हासिल कर सकती हैं।
बैठक में क्या-क्या हुआ?
बैठक में समिति के पदाधिकारी, संबंधित विभागों के अधिकारी और महिला संचालिकाएँ शामिल रहीं। चर्चा के दौरान:
- बिक्री आँकड़ों की समीक्षा की गई।
- आने वाले समय की रणनीति तय की गई।
- महिला संचालिकाओं को नए लक्ष्यों के लिए प्रोत्साहित किया गया।
नारी सशक्तिकरण की ओर मजबूत कदम
यह सम्मान सिर्फ़ लक्ष्मी चौहान की सफलता नहीं, बल्कि यह इस बात का भी प्रमाण है कि विदुर ब्रांड ने ग्रामीण महिलाओं को एक नई पहचान और आत्मनिर्भरता की ताक़त दी है।
लक्ष्मी चौहान जैसी महिलाओं की मेहनत और सफलता आने वाली पीढ़ी के लिए प्रेरणादायक मार्ग है।
👉 आगे पढ़ें:
- [विदुर स्टोर्स: गाँव की अर्थव्यवस्था बदलने की नई क्रांति]
- [नारी शक्ति: कैसे ग्रामीण महिलाएँ बन रही हैं आत्मनिर्भरता की मिसाल]










