बिजनौर का गौरव
पुलकित जाग्रवाल को राष्ट्रीय युवा उत्कृष्टता पुरस्कार, गंगा मिशन से राष्ट्र निर्माण तक की प्रेरक कहानी”

गंगा मिशन से लेकर नारी सशक्तिकरण तक, एक दशक की समाजसेवा को मिला राष्ट्रीय सम्मान
बड़ी खबर
जम्मू-कश्मीर में आयोजित राष्ट्रीय युवा आदान-प्रदान कार्यक्रम 2025 (18–20 अगस्त) में जनपद बिजनौर के ग्राम मोहम्मदपुर देवमल के पुलकित जाग्रवाल को राष्ट्रीय युवा उत्कृष्टता पुरस्कार से सम्मानित किया गया।
यह सम्मान उन्हें राष्ट्र और समाज के लिए उनके निरंतर और प्रभावी योगदान के लिए दिया गया है।
पुलकित कौन हैं और क्यों खास हैं?
पुलकित जाग्रवाल उन युवाओं में से हैं जिन्होंने समाजसेवा को करियर का विकल्प नहीं, बल्कि जीवन का उद्देश्य बनाया।
2014 से लगातार वे अलग-अलग क्षेत्रों में सक्रिय हैं और गांव-गांव जाकर बदलाव की अलख जगाते रहे हैं।
पुलकित की समाजसेवा टाइमलाइन
- 2014 – स्वच्छ भारत मिशन से जुड़े और सफाई अभियान चलाया
- 2016 – नारी सशक्तिकरण और महिला शिक्षा पर कार्य
- 2017–2019 – पर्यावरण संरक्षण, वृक्षारोपण और जल संरक्षण की पहल
- 2020 – कोविड-19 में राहत व सहयोग
- 2021–2023 – गंगा स्वच्छता जागरूकता यात्रा
- 2024 – नमामि गंगे परियोजना में जिला परियोजना अधिकारी बने
- 2025 – राष्ट्रीय युवा उत्कृष्टता पुरस्कार से सम्मानित
प्रमुख योगदान
- स्वच्छ भारत मिशन: गांव-गांव स्वच्छता अभियान
- नारी सशक्तिकरण: महिला शिक्षा और आत्मनिर्भरता को बढ़ावा
- पर्यावरण संरक्षण: बड़े पैमाने पर वृक्षारोपण
- जल संरक्षण और नदियों की सफाई: विशेषकर गंगा अभियान
- नशामुक्ति अभियान: युवाओं को नशे से दूर रखने का संकल्प
- कोविड सहयोग: जरूरतमंदों तक भोजन व दवाएं
- गंगा जागरूकता यात्रा: जन-जन तक गंगा संरक्षण का संदेश
गंगा मिशन में भूमिका
आज पुलकित राष्ट्रीय स्वच्छ गंगा मिशन (जल शक्ति मंत्रालय, भारत सरकार) के तहत बिजनौर में जिला परियोजना अधिकारी – नमामि गंगे के पद पर कार्यरत हैं।
- गांव-गांव जागरूकता अभियान
- युवाओं को जोड़कर सामूहिक प्रयास
- गंगा संरक्षण को जन-आंदोलन बनाना
- नदी प्रदूषण कम करने के लिए जमीनी स्तर पर योजनाएं
समाज पर असर
पुलकित के कामों ने न सिर्फ स्थानीय स्तर पर, बल्कि राष्ट्रीय स्तर पर भी असर डाला है।
- ✅ हजारों युवाओं को नशा छोड़ने और समाजसेवा से जोड़ा
- ✅ कोविड के दौरान सैकड़ों परिवारों तक मदद पहुंचाई
- ✅ महिलाओं को शिक्षा व उद्यमिता के लिए प्रेरित किया
- ✅ पर्यावरण संरक्षण के जरिए जिले में हरियाली बढ़ाई
- ✅ गंगा मिशन के जरिए बिजनौर को राष्ट्रीय पहचान दिलाई
भविष्य की योजनाएं
पुलकित ने अपने अगले लक्ष्यों को स्पष्ट किया है:
- 10 लाख पौधारोपण का संकल्प
- हर घर जल बचाओ अभियान
- महिला उद्यमिता को बढ़ावा देकर रोजगार सृजन
- युवाओं को कौशल विकास से जोड़ना
- गंगा संरक्षण को राष्ट्रीय आंदोलन का रूप देना
सम्मान के बाद पुलकित की प्रतिक्रिया
पुरस्कार मिलने के बाद पुलकित ने कहा:
“यह सम्मान मेरे परिवार, गुरुओं और साथियों की प्रेरणा का परिणाम है। मैं सिर्फ इतना मानता हूं कि विकसित युवा ही विकसित भारत का आधार हैं।”
विश्लेषणात्मक दृष्टिकोण
- ✨ यह उपलब्धि साबित करती है कि एक युवा का विजन और समर्पण समाज को नई दिशा दे सकता है।
- ✨ पुलकित का सफर दिखाता है कि स्थानीय प्रयास भी राष्ट्रीय पहचान दिला सकते हैं।
- ✨ गंगा मिशन जैसे वैश्विक महत्व के अभियान में उनकी भूमिका बताती है कि भारत के युवा जलवायु और पर्यावरण जैसे मुद्दों पर गंभीरता से काम कर रहे हैं।
- ✨ बिजनौर जैसे छोटे जिले से निकलकर राष्ट्रीय स्तर पर पहचान बनाना युवाओं के लिए जीवंत प्रेरणा है।
निष्कर्ष
पुलकित जाग्रवाल की यह उपलब्धि सिर्फ एक पुरस्कार नहीं, बल्कि इस बात का प्रमाण है कि अगर युवा समाज की बागडोर संभाले तो देश की तस्वीर बदल सकती है।
उनकी कहानी हमें यह संदेश देती है –
“जब युवा जागता है, तो समाज बदलता है और राष्ट्र मजबूत होता है”











