हनुमानगढ़ी से रामलला दरबार तक: सीएम योगी का अयोध्या दौरा चर्चा में
एक दिन में आस्था, विकास और राजनीति,सब पर केंद्रित रहा मुख्यमंत्री का कार्यक्रम
हनुमानगढ़ी में माथा टेकते ही बोले योगी ,प्रदेश की सुख-शांति की कामना
सीएम योगी आदित्यनाथ ने अपने दौरे की शुरुआत संकट मोचन हनुमानगढ़ी मंदिर से की।
- विधिवत पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों के सुखमय जीवन की प्रार्थना की।
- यहां से निकलते वक्त आमजन से भी मुखातिब हुए।
रामलला के श्रीचरणों में शीश नवाया, उतारी आरती
मुख्यमंत्री योगी ने रामलला के दरबार में हाजिरी लगाई।
- आरती उतारी और मंदिर परिसर की परिक्रमा की।
- राम दरबार में भी दर्शन-पूजन कर श्रद्धा व्यक्त की।
राम मंदिर निर्माण की प्रगति पर सीधा फीडबैक
- सीएम योगी ने राम मंदिर ट्रस्ट के पदाधिकारियों से मुलाकात की।
- निर्माण कार्यों की वर्तमान स्थिति और भविष्य की योजनाओं की जानकारी ली।
- प्रोजेक्ट की रफ्तार और गुणवत्ता पर विशेष फोकस किया।
महर्षि वाल्मीकि एयरपोर्ट पर भव्य स्वागत
- अयोध्या आगमन पर मुख्यमंत्री का जोरदार स्वागत किया गया।
- जनप्रतिनिधि, भाजपा नेता और प्रशासनिक अधिकारी एयरपोर्ट पर मौजूद रहे।
सितंबर का पहला दौरा, पिछली बार पौधरोपण अभियान में आए थे योगी
- यह मुख्यमंत्री का सितंबर महीने का पहला दौरा है।
- इससे पहले वे 9 जुलाई को अयोध्या आए थे, जब पौधरोपण महाअभियान का शुभारंभ किया गया था।
क्यों अहम है यह दौरा?
✔️ धार्मिक संदेश: रामलला और हनुमानगढ़ी दर्शन से जनता की आस्था को मजबूती।
✔️ विकास की नब्ज़: मंदिर निर्माण कार्य का सीधा निरीक्षण।
✔️ राजनीतिक संदेश: आगामी सियासी समीकरणों में अयोध्या का महत्व और बढ़ा।
✔️ जनसंपर्क: स्वागत से लेकर दर्शन तक जनता से सीधा जुड़ाव।
सीएम योगी का अयोध्या दौरा केवल एक धार्मिक यात्रा नहीं बल्कि आस्था, विकास और राजनीति का संगम बन गया। रामलला के चरणों में झुककर उन्होंने जहां आध्यात्मिक संदेश दिया, वहीं विकास कार्यों की रफ्तार पर नजर डालकर अपनी प्रशासनिक सक्रियता भी दिखाई।












