जानकीनगर में प्रांतीय वैदिक गणित मेला 2025 का हुआ भव्य समापन
“वैदिक गणित मेला”14 संकुलों से आए 180 प्रतिभागी, बाल–किशोर–तरुण वर्ग में दमदार प्रदर्शन
संस्कार, सहयोग और समर्पण की शिक्षा के साथ वैदिक गणित का शानदार उत्सव
कोटद्वार/पौड़ी गढ़वाल, संवाददाता
जानकीनगर स्थित रितेश शर्मा सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कॉलेज में भारतीय शिक्षा समिति उत्तराखंड (विद्या भारती अखिल भारतीय शिक्षा संस्थान से संबद्ध) द्वारा आयोजित प्रांतीय वैदिक गणित मेला 2025 का रंगारंग कार्यक्रम के साथ समापन हुआ।
उद्घाटन में शामिल हुए गणमान्य
- मुख्य अतिथि: सुमन कोटनाला (अध्यक्ष, कृषि मंडी समिति पौड़ी)
- प्रतियोगिता पर्यवेक्षक: लोकेंद्र अंथवाल (प्रधानाचार्य, रानीपुर)
- कुमाऊं संभाग निरीक्षक: सुरेशाननंद जोशी
- प्रांत संयोजक: दिनेश भट्ट
👉 कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्वलित कर किया गया।
प्रतियोगिता में बच्चों का हुनर चमका
14 संकुलों से आए 180 छात्र-छात्राओं ने बाल, किशोर और तरुण वर्ग में चार प्रमुख विधाओं में दमदार प्रतिभा दिखाई —
🔹 वैदिक गणित प्रश्नमंच
🔹 गणित प्रदर्श
🔹 गणित प्रयोग
🔹 गणित पत्रवाचन
बाल वर्ग के विजेता
- प्रश्नमंच: अर्णव वर्मा, ईशान सिंह, अंशुल वर्मा
- पत्रवाचन: अहाना धीमान
- प्रयोग: आरव
- प्रदर्श: आरोही गोयल, आस्था सैनी, सोनाक्षी सेमवाल
किशोर वर्ग के विजेता
- प्रश्नमंच: अंशुल वर्मा, कुलवंशी, प्रियांश वर्मा
- पत्रवाचन: कुशाग्र राठौर
- प्रयोग: अनमोल रावत
- प्रदर्श: नंदिनी चौधरी, आकृति गोयल, राधिका सेमवाल
तरुण वर्ग के विजेता
- प्रश्नमंच: धीरेन्द्र, अंशु तिवारी, धर्मेंद्र गंगवार
- पत्रवाचन: रिया
- प्रयोग: यश अग्रवाल
- प्रदर्श: स्वाति, अंशु, वंशिका चौधरी
समापन सत्र का प्रेरक संदेश
समापन सत्र में विद्या भारती के प्रदेश निरीक्षक डॉ. विजयपाल सिंह ने कहा:
“विद्या भारती की संस्कारयुक्त शिक्षा छात्रों में संस्कार, सहयोग, समर्पण और अनुशासन का अमृत ज्ञान देती है। ज्ञान, ध्यान, धैर्य और परिश्रम चार स्तंभ हैं, जिन्हें अपनाकर हर छात्र राष्ट्रहित में योगदान दे सकता है।”
निर्णायक मंडल और आयोजन टीम
निर्णायक के रूप में उपस्थित रहे —
- प्रो. डॉ. अजय सिंह
- प्रो. डॉ. पवन भट्ट
- मनीष बिष्ट
- संतोष सिंह नेगी
- राहुल सिंह
- नमन भटनागर
कार्यक्रम का संचालन आचार्य रोहित बलोदी ने किया।
आयोजन टीम में शामिल रहे —
प्रधानाचार्य मनोज कुकरेती, योगराज सिंह, अमित खरे, प्रदीप चौहान, संजय गुप्ता, तेज प्रकाश, रविन्द्र सिंह नेगी, त्रिवेंद्र चौहान, नीरज अग्रवाल, राजेश चौहान और विद्यालय प्रबंध समिति एवं आचार्य वृंद।
बुलेट ट्रेन विश्लेषण
- 180 छात्र-छात्राओं ने दिखाया गणितीय प्रतिभा का जलवा
- बाल, किशोर, तरुण वर्ग में हुए रोमांचक मुकाबले
- वैदिक गणित की विधाओं ने बच्चों में आत्मविश्वास और तर्कशक्ति को नई उड़ान दी
- विद्या भारती का शिक्षा मॉडल — संस्कार + ज्ञान = राष्ट्र निर्माण
- उत्तराखंड के 14 संकुलों की सहभागिता ने प्रतियोगिता को दिया प्रांतीय स्तर का रंग
यह आयोजन सिर्फ एक प्रतियोगिता नहीं बल्कि संस्कार और शिक्षा का उत्सव बनकर उभरा, जिसने बच्चों में गणित के प्रति रुचि और राष्ट्रभावना दोनों को मजबूत किया।












