ब्राह्मण महासभा महानगर ने किया शिक्षकों और मेधावी छात्रों का सम्मान

मेहनत और लग्न से आसान है हर मुश्किल लक्ष्य : डीआईओएस देवेंद्र पाण्डेय
हाइलाइटर
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100 से अधिक शिक्षकों व छात्रों का सम्मान
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सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने बांधा समां
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ब्राह्मण महासभा का 19वां सफल आयोजन
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सोशल मीडिया से दूरी और शिक्षा में एकाग्रता पर जोर
मुरादाबाद से स्पेशल रिपोर्ट
मुरादाबाद में शिक्षा और संस्कार का संगम तब देखने को मिला जब अखिल भारतीय ब्राह्मण महासभा महानगर इकाई ने गुरुवार को बुद्धि विहार स्थित बैंक्वेट हॉल में शिक्षक एवं मेधावी छात्र-छात्राओं के सम्मान समारोह का आयोजन किया। कार्यक्रम में जहां 40 शिक्षकों को उनकी सेवाओं के लिए सम्मानित किया गया, वहीं 60 मेधावी छात्र-छात्राओं को उनके उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए पुरस्कृत किया गया।
परंपरा और संस्कृति का रंग
कार्यक्रम का शुभारंभ माँ शारदा, भगवान परशुराम और डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन के चित्र के समक्ष दीप प्रज्वलन एवं माल्यार्पण से हुआ।
एसवीएम इंटर कॉलेज की छात्राओं ने सरस्वती वंदना पर आकर्षक नृत्य प्रस्तुति दी, जिसने वातावरण को पूर्णत: सांस्कृतिक और प्रेरणादायी बना दिया।
डीआईओएस देवेंद्र पाण्डेय का प्रेरक संबोधन
समारोह की अध्यक्षता कर रहे जिला विद्यालय निरीक्षक (डीआईओएस) देवेंद्र कुमार पाण्डेय ने कहा—
“जीवन में कोई भी लक्ष्य बड़ा नहीं होता, यदि हम उसमें मेहनत और लग्न से जुट जाएं। सोशल मीडिया के अनावश्यक प्रयोग से दूरी बनाकर शिक्षा में मन की एकाग्रता ही सफलता की कुंजी है।”
उन्होंने छात्र-छात्राओं से जीवन के हर क्षेत्र में जिम्मेदारी और निष्ठा के साथ आगे बढ़ने का आह्वान किया।
विशिष्ट अतिथियों ने रखे विचार
- सह जिला विद्यालय निरीक्षक शतानंद शर्मा – “ऐसे आयोजनों से समाज में प्रेरणा का संचार होता है और शिक्षक व विद्यार्थी दोनों नई ऊर्जा के साथ कार्य करते हैं।”
- डॉ. के.के. मिश्रा, निदेशक (कोठीवाल डेंटल कॉलेज) – “शिक्षक समाज निर्माण की नींव हैं। उनकी ईमानदार भूमिका से ही भविष्य का निर्माण होता है। छात्रों को चाहिए कि वे हर क्षेत्र में अपना 100% दें।”
- ब्राह्मण महासभा मार्गदर्शक डॉ. प्रदीप शर्मा – “यह महासभा का 19वां सफल आयोजन है। समाज का सहयोग ही हमारी सबसे बड़ी ताकत है।”
सम्मानित शिक्षकों व छात्रों की झलक
- माध्यमिक, बेसिक और इंग्लिश मीडियम के 40 शिक्षक सम्मानित।
- यूपी बोर्ड, सीबीएसई और आईसीएसई बोर्ड के 60 मेधावी छात्र-छात्राओं को मंच पर बुलाकर सम्मानित किया गया।
- सम्मान के क्षणों ने न केवल प्रतिभागियों बल्कि दर्शकों को भी भावुक और गर्वित किया।
छात्राओं की प्रस्तुतियों ने बांधा समां
मीठी, मानवी, अंकिता, आशी, सिमरन, कल्पना, खुशी, कशिश और पूजा जैसी छात्राओं ने मंच पर नृत्य प्रस्तुत कर सभी का दिल जीता।
उनकी प्रस्तुतियों ने यह संदेश दिया कि शिक्षा के साथ-साथ कला और संस्कृति भी जीवन का अहम हिस्सा है।
आयोजकों की भूमिका
- महानगर अध्यक्ष: अनिल कुमार शर्मा ने सभी का स्वागत किया।
- महामंत्री: सुनील कुमार शर्मा ने कार्यक्रम की रूपरेखा प्रस्तुत की।
- मुख्य संयोजक: विमलेंद्र शर्मा (प्रदेश अध्यक्ष, ब्राह्मण महासभा)
- संचालन: चर्चित कवि मयंक शर्मा ने प्रभावी शैली में कार्यक्रम का संचालन किया।
कार्यक्रम में उपस्थित प्रमुख हस्तियाँ
पंतनगर विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति अनिल कुमार शुक्ला, प्रायोजक राजेश कौशिक, स्वागत अध्यक्ष रौनक शुक्ला, संयोजक अवधेश पाठक, गोपाल मिश्रा, शरद चतुर्वेदी, जिला अध्यक्ष सतेंद्र शर्मा, राज्य आदर्श शिक्षक पं. राधेश्याम शर्मा सहित शहर व प्रदेश की अनेक प्रतिष्ठित हस्तियाँ मौजूद रहीं।
कर्नल एस.बी. शर्मा, डॉ. एच.पी. शर्मा, डॉ. राजीव शर्मा, नरेश शर्मा, संजय स्वामी, पं. धवल दीक्षित, विजय लक्ष्मी पंडित और अन्य गणमान्य लोगों की मौजूदगी ने आयोजन की गरिमा बढ़ाई।
हाइलाइटर
- 100 से अधिक शिक्षकों व छात्रों का सम्मान
- सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने बांधा समां
- ब्राह्मण महासभा का 19वां सफल आयोजन
- सोशल मीडिया से दूरी और शिक्षा में एकाग्रता पर जोर
यह सम्मान समारोह केवल एक कार्यक्रम नहीं था, बल्कि शिक्षा, संस्कार और समाज निर्माण का अद्भुत संगम था। मंच से दिए गए संदेशों ने यह स्पष्ट कर दिया कि मेहनत, लगन और निष्ठा के बल पर ही हर लक्ष्य हासिल किया जा सकता है।
ब्राह्मण महासभा ने एक बार फिर यह साबित किया कि सामूहिक सहयोग और संस्कारों से समाज में सकारात्मक ऊर्जा का संचार संभव है।











